Sunday, December 16, 2018

Regular Broker vs Discount Broker - हम कौनसा चुने ?

नमस्कार दोस्तो।  आपका SIP TO LUMP SUM में स्वागत है।  
Regular broker Vs Discount Broker

शेयर बाजार में निवेश करने के लिए डीमैट और ट्रेडिंग खाता खुलवाते समय हमें अक्षर ये उल्जन रहती है की 

हम कौनसा ब्रोकर चुने रेगुलर ब्रोकर या फिर डिस्काउंट ब्रोकर इस लिए आज हम जानेंगे की हमें कौनसा ब्रोकर चुनना चाहिए।  


" रेगुलर ब्रोकर या फिर  डिस्काउंट ब्रोकर। "


हम कौनसा ब्रोकर चुने वो जानने से पहले हमें दोनों ब्रोकर के बारे में सामान्य जानकारी ले लेनी चाहिए।

रेगुलर ब्रोकर क्या होता है ?


फुल सर्विस ब्रोकर या रेगुलर ब्रोकर वो होता है जो की निवेशक को सभी तरह की सुविधाए देता है जिसमें की

1) संपर्क करके शेयर की खरीद बिक्री करने में मदद करना ,(Call and Trade)
2) लोगो को सलाह देना की कौनसी कंपनी में निवेश करना चाहिए और कौनसी में नहीं करना चाहिए।
3) ट्रेडिंग की टिप्स  (इंट्राडे, पोजीसनल)
4) कंपनीओ पर पूरी रिसर्च करके उसकी रिपोर्ट भेजना।
5) आईपीओ की सर्विसेज जैसे की आनेवाले आईपीओ की नोटिस।
6) चार्टिंग टूल उपलब्ध कराना। (Charting Tool)
7) मोबाइल ट्रेडिंग। (mobile trading)
8) खाते का विवरण उपलब्ध करवाना।
जैसी बहुत सी और भी सुविधाए शामिल है।

इन सभी सुविधाओ के बदले में वो शेयर की खरीद- बिक्री पर थोड़ा ज़्यादा कमीशन लेता है। 


क्योकि ये सभी सुविधाए उपलब्ध करवाने के लिए उसे बहुत से खर्च करने पड़ते है। 


जैसे की कंपनीओ की रिसर्च रिपोर्ट बनाने के लिए उसे रिसर्च कर्त्ता को रखना पड़ता है उसे वेतन देना पड़ता है। 

ट्रेडिंग के लिए टिप्स देने के लिए उन्हें Technical Analysts को रखना पड़ता है जिनको भी वेतन देना पड़ता है,

और भी बहुत से खर्च जुड़े हुए है। 


यदि कोई ब्रोकर सभी सुविधाए उपलब्ध करवाएगा तो उसे उसके किए गए खर्च के अनुसार उसको आम्दनी भी तो मिलनी चाहिए ना ?


इसी वजह से Full Service broker ज़्यादा कमीशन लेते है।


डिस्काउंट ब्रोकर क्या होते है ?


डिस्काउंट ब्रोकर वो होता है जो कि अपने निवेशक को सिर्फ जरुरी सुविधाए ही उपलब्ध कराते है जिसमे की


फ्री सुविधाए  :


      1) चार्टिंग टूल  उपलब्ध  करवाना। (Charting Tool)


      2) खरीद बिक्री की रसीद उपलब्ध करवाना ( ईमेल  से )


      3) मोबाइल ट्रेडिंग की सुविधा।


     4) खाते का विवरण उपलब्ध करवाना।


Paid सुविधाए :


     1) संपर्क करके ट्रेडिंग करना।


     2) खरीद बिक्री की रिसीप्ट उपलब्ध करवाना (पोस्ट से ) 


सामिल है। 


डिस्काउंट ब्रोकर सिर्फ सामान्य सुविधाए उपलब्ध कराता  है जिसके कारण वो फुल सर्विस ब्रोकर से बहुत ही कम खर्च करता है। 


इसी वजह से वो full service broker से बहुत ही कम कमीशन लेता है।


हमें कौनसा ब्रोकर चुनना चाहिए ?



इस सवाल का सीधा जवाब है आप को अपने लिए जरुरी सुविधाओं के अनुसार निश्चित करना चाहिए। 

दोनों तरह के ब्रोकर्स की अपनी अपनी सुविधाए है और अपने अपने खर्च है। 


इस वजह से दोनों ब्रोकर अपनी सुविधाओ के अनुसार ज़्यादा या फिर कम कमीशन लेते है।  

मेरे अनुसार


1) अगर आप लम्बे समय के निवेशक है। 


और खुद रिसर्च नहीं कर सकते या फिर आपके पास रिसर्च करने का समय नहीं है, तो आप अपना खाता फुल सर्विस या फिर रेगुलर  ब्रोकर के पास खुलवा सकते है।  

2) यदि आप ऐसे निवेशक है जो की खुद से रिसर्च कर सकते है तो आपको सभी सुविधाओं की ज़रूरत नहीं तो फिर आपको ज़्यादा कमीशन नहीं देना चाहिए। 


तो फिर आपको डिस्काउंट ब्रोकर के पास खाता खुलवाना चाहिए। 

3) यदि आप एक ट्रेडर है जो की हर रोज ट्रेडिंग करते रहते है।  

और खुद से रिसर्च कर के ट्रेडिंग कर सकते है, तो भी आपको ज़्यादा ब्रोकरेज नहीं देना चाहिए इस लिए आपके लिए डिस्काउंट ब्रोकर ही बेहतर है।

4) अगर आप ऐसे ट्रेडर है जो की खुदसे रिसर्च नही कर सकते और आप बहोत ही कम ट्रेडिंग करते है तो आप फुल सर्विस ब्रोकर के पास भी अपना खाता खुलवा सकते है।

दोस्तों आपको खाता कहा खुलवाना है वो तो आखिर में आप को ही निश्चित करना है। 

उम्मीद करता हु दोस्तों की आपको समझमे आ गया होगा की 'हमें कौनसा ब्रोकर चुनना चाहिए Regular या फिर Discount ?' 


यदि आपको यह समझने में कुछ परेशानी हुई होतो आप मुझे Comment Box में बता सकते है, में आपको समझाने का पूरा प्रयाश करूँगा।

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