Monday, November 26, 2018

Mutual Funds में कोनसा प्लान चुने - Regular Plan या फिर Direct Plan?


पिछली पोस्ट में हमने NAV(Net Asset Value) के बारे में जाना था।

आज हम Mutual Funds से जुड़ी एक समस्या को सुलजायेंगे  की Regular Plan ख़रीदे या फिर Direct Plan ?

Mutual Funds चुनते समय अक्सर हमें ये समस्या होती है की हमे कौनसे प्लान का चयन करना चाहिए Reglar Plan या फिर Direct plan.
आइए इस समस्या को सुलजाते  है।

Regular Plan और Direct Plan में क्या फर्क है ? 


भारत  में जनवरी 2013 से पहले Mutual Funds खरीदने के लिए हमे किसी ब्रोकर, एजेंट या फिर किसी फंड डिस्ट्रीब्यूटर के पास जाना पड़ता था।

जो हमारी और से मच्यूल फंड की कंपनी में से मच्युल फंड खरीदता था।

इसके बदले में कंपनी उन्हें उस फंड में कीए जा रहे निवेश में से सालाना 0.5 से 1.5 प्रतिशत तक कमिशन मिलता रहता था।

इस से निवेशकों को कम रिटर्न मिलता था। इस प्लान को Regular Plan कहते है।

ये कमीशन हर साल तब तक मिलता रहता था जब तक हमारा निवेश चालू रहे।

इस लिए जनवरी 2013 से SEBI ने Mutual Fund कमापनियों (AMCs) को हर फण्ड के लिए एक दुसरा प्लान लॉन्च करने को कहा जिसे कहते है।

Direct Plan जिस में निवेशक बिना किसी ब्रोकर के सीधा एसेट मैनेजमेंट कंपनी (AMCs) से Mutual Funds खरीद सकते थे।
क्योंकि ये प्लान अब निवेश सीधा फंड हाउस या फिर AMC से खरीद सकते थे।

इस लिए ये प्लान खरीद ने पर किसी एजेंट, डिस्ट्रीब्यूटर या फिर ब्रोकर को कोई कमीशन नहीं देना पड़ता।

जिसकी वजह से इस प्लान में निवेशकों को Regular Plan से ज़्यादा रिटर्न मिलता है।
Regular Plan और Direct Plan एक ही Mutual Fund के दो भिन्न प्लान है।

इस लिए दोनों में किसी और तरह का फर्क नहीं होता दोनों को सँभालने वाले फंड मैनेजर्स भी एक ही होते है।

जिस कंपनिओ में निवेश करते है वो भी एक ही होता है सिर्फ कमीशन की बजह से ही Regular Plan में कम रिटर्न मिलता था।
निचे मेने दो Mutual Fund कंपनिया (AMCs) HDFC और SBI के एक एक फंड के दोनों Regular और Direct Plan की तुलना की है।

जिससे हम देख सके की हमें कितना ज़्यादा रिटर्न मिलता है।  

1)SBI Blue Chip Fund vs SBI Blue Chip Fund-Direct Plan:


इन दोनों तस्वीरों से हमें यह पता चला की इस फण्ड के Regular Plan  ने 5 साल में सालाना 16.6  प्रतिशत का रिटर्न दिया है। 

जबकि इसी फण्ड के Direct Plan ने 17.7 प्रतिशत का रिटर्न दिया है।

जो की Regular Plan से 1.1 प्रतिशत ज़्यादा है।

2)HDFC Small Cap Fund vs HDFC Small Cap Fund-Direct Plan :

Image Source Moneycontrol.com 
दोनों तस्वीरों में से आप देख सकते है की Direct Plan ने Regular Plan से 1.4 प्रतिशत सालाना का ज्यादा रिटर्न दिया है।

इस तरह आप कोई भी Mutual Fund के दोनों प्लान के रिटर्न की तुलना कर सकते है।

मैंने इस के लिए moneycontrol की वेबसाइट का इस्तेमाल किया है आप कही पर भी कर सकते है।

0.5 से 1.5 प्रतिशत लम्बे समय में कितना मायने रखता है ?


अब आप सोच रहे होंगे की सालाना 0.5 से 1.5 बहुत ज़्यादा मायने नहीं रखता।

ये कितना मायने रखता है ये समझने के लिए मैंने यहाँ पे 5000 रूपए के हर महीने निवेश जो की 15 साल तक का है।

उस में Direct Plan के बदले Regular Plan चुनने से कितना कम रिटर्न मिलता है वो गिना है।
Image Source sipcalculator.in
हमने SBI के Blue Chip में देखा था की Direct Plan  में मिलने वाला रिटर्न सालाना 17.7 प्रतिशत का था।

जिस से की हमें 15 साल के बाद रिटर्न मिलता है 44.6 लाख का जबकि रेगुलर प्लान में निवेश करने पर 16.6 प्रतिशत का सालाना रिटर्न मिलता जिस से की हमे 39.8 लाख मिलता ।

जो की Direct Plan से 4.8 लाख रूपए कम है।

२)
यहा पर फिर से हम देखते हैं कि HDFC Small Cap में निवेश करने पर कितना रिटर्न मिलता।

ये दोनों तस्वीर से हम देख सकते है कि Direct Plan में हमें 15 साल के बाद सालाना 22.7 प्रतिशत से रिटर्न मिलता जबकि Regular Plan में हमे 15 साल के बाद सालाना 21.3 प्रतिशत से रिटर्न मिलता।

ये दोनों उदाहरण आप समझ पाए होंगे की सिर्फ सालाना 0.5 से 1.5 प्रतिशत के फर्क से लंबे समय में लाखों का फर्क पड़ता है।

तो क्या अब भी आप कहेंगे की 0.5 से 1.5 प्रतिशत मायने नहीं रखता।

कैसे पता चले की कौन सा प्लान Direct है और कौनसा Regular ?

अगर आपने पहले से ही कोई mutual fund खरीद लिया है।

और यदि आप जानना चाहते है कि कैसे पता चले की हमारे पास है वो कोनसा प्लान है तो इसके लिए
1) आपको ये देखना होगा कि आपको दिए हुए फंड के नाम में कही Direct Plan लिखा है या नहीं।

अगर Direct Plan लिखा है तो वो Direct Plan है और नहीं लिखा है तो वो अवश्य Regular Plan होगा।

2) आप एक और तरीके से जान सकते है, आपको मिले हुए mutual fund स्टेटमेंट में Mutual Fund कंपनी (AMCs) के नाम के अलावा कोई ब्रोकर या बैंक और कोई नाम है या नहीं।

अगर नहीं होगा तो वो Direct Plan है लेकिन अगर होगा तो वो Regular Plan है ।

Direct Plan  की कुछ समस्या और उसके समाधान।


1) यदि आप Direct Plan खरीदते है तो आपको खुद ही चुनना होगा कि आपको कौनसे फंड की कौनसी स्कीम में निवेश करना है और कितनी राशि निवेश करनी चाहिए।
अब हर किसी को ये सब नहीं पता होता है।
समाधान - यदि आप ये सब खुदसे नहीं कर सकते तो Regular Plan खरीद के हर साल कमिशन देने के बजाए आप किसी वित्तीय सलाहकार (Financial Advisor) से सलाह ले।
ताकि उसे सिर्फ एक ही बार फीस देनी पड़े जो की बहॉत ही कम होगी ।
2) अगर आप अलग अलग कंपनियों के फंड में निवेश करना चाहते है तो आपको सभी के पास खाते खोलने पड़ेगे।
समाधान - अब बहुत सारी एसी कंपनियां है जैसे कि Groww, Paisabazar , Kuvera जो कि अपनी वेबसाइट्स से हर एक कंपनीओ के Mutual Funds को खरीद ने कि सुविधा देती है।

जिस में आप सभी कंपनियो के फंड एक ही जगह पर खरीद सकते है।

इससे सभी के प्रदर्शन को हम एक ही जगह पर देख सकते है।

हमे कौन सा चुनना चाहिए ?

हमें  कोनसा प्लान चुनना चाहिए वो आप पर निर्भर करता है लेकिन मेरी राय में तो आपको Direct Plan ही लेना चाहिए ।

आप के क्या विचार है इस बारे में आप कोनसा चुनेंगे हमें कमेंट बॉक्स में बताए ताकि कितने ज़्यादा लोग Direct Plan  या फिर Regular Plan चुनना चाहेंगे वो पता चले। 

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